रेलवे ऑफिसर रेस्ट हाउस पर चल रहा अवैध खानपान केंटीन, विजिलेंस से किया सीज

रेलवे ऑफिसर रेस्ट हाउस पर चल रहा अवैध खानपान केंटीन, विजिलेंस से किया सीज

रतलाम, वंदेमातरम् न्यूज। रेलवे विजिलेंस ने हैरिटेज सेक्शन के कालाकुंड स्टेशन स्थित रेलवे ऑफिसर्स रेस्ट हाउस से संचालित खानपान केअवैध कैंटीन पर छापामार कार्रवाई की।
रतलाम रेल मंडल का हैरिटेज सेक्शन बारिश में इन दिनों यात्रियों के आकर्षण का केंद्र बना है। वहां यात्रियों की भीड़ का अवैध लाभ उठाना शुरू कर दिया गया। बुधवार को हुई कार्रवाई में कैंटीन का सामान जब्त कर इसे सीज किया गया। कैंटीन संचालन में रोज हजारों रुपए की अवैध कमाई की जा रही थी। प्रारंभिक जांच में रेलवे के जिम्मेदारों की लिप्तता भी उजागर हुई है।
मालूम हो कि हैरिटेज ट्रेन का संचालन 5 अगस्त.2021 से शुरू किया गया। तब से आज तक यह कैंटीन चलाया जा रहा था।
100 से 120 रूपए प्रति थाली बिक्री
प्राप्त जानकारी के मुताबिक विजिलेंस विभाग को शिकायत प्राप्त होने पर विजिलेंस इंस्पेक्टर मनोज यादव, सौरभ मसेकर, मिक्की सक्सेना, हेड कांस्टेबल रवि साठे व सीएस पाटिल की टीम सदस्य कार्रवाई के लिए पहुंचे।
टीम ने जांच में पाया कि कालाकुंड स्टेशन पर बिना अनुमति के पुराना ठेकेदार यात्रियों को 100 से 120 रुपए में खाना बेच रहा है। बड़ी बात है कि ये लोग रेलवे स्टेशन पर बने ऑफिसर्स रेस्ट हाउस (ओआरएच) के किचन में ही खाना बना कर परोसा जा रहा था। इतना ही नहीं मौके पर वेंडर प्रतिबंधित क्षेत्र में घरेलू गैस टंकी का उपयोग करते पाए गए। इससे रेलवे नियमों का उल्लंघन हुआ। वहीं यात्रियों की सेफ्टी पर सवाल खड़े कर दिए। जांच की तो संचालक के पास परमिशन लेटर, फ़ूड सेफ्टी लाइसेंस, मेडिकल कार्ड भी नही मिला।
रेलवे कर्मचारी के परिजनों द्वारा संचालित
विजिलेंस टीम द्वाराकार्रवाई शुरू की तो अवैध वेंडर द्वारा यात्रियों को खाना, कोल्ड्रिंक व चाय विक्रय करते पकड़ा। वेंडर ने टीम को बताया कि अभी कैंटीन का आबंटन नही हुआ है। यह ठेका रेल कर्मचारी के परिवारजन द्वारा संचालित किया जा रहा है।
ये जिम्मेदार कार्रवाई के घेरे में
कोरोना काल मे यह अवैध धंधा वहां के स्टेशन मास्टर, वाणिज्य निरीक्षक, आरपीएफ, हेल्थ इंस्पेक्टर, सेक्शन इंजीनियर (आईओडब्ल्यू) की मौजूदगी में चल रहा था। जिस वजह से रेलवे को आर्थिक नुकसान हो रहा था। जांच में ये सभी जिम्मेदार कार्रवाई के घेरे में आ सकते है।

विजिलेंस की कार्रवाई पूरी तरह से गोपनीय रहती है। कालाकुंड स्टेशन पर कार्रवाई भी इसी तरह गोपनीय की गई। इसकी जानकारी संबंधित विभाग में भेजी जाएगी।
खेमराज मीणा, जनसंपर्क अधिकारी रेल मंडल रतलाम

Admin

Related post

Leave a Reply

Your email address will not be published.