
नई दिल्ली, एजेंसी। ईरान पर इजराइल और अमेरिका (US-Israel Iran War) के हमलों के बाद खाड़ी देशों में हालात तनावपूर्ण हो गए हैं। सुरक्षा कारणों से दुबई, शारजाह और अबूधाबी के एयरपोर्ट अस्थायी रूप से बंद कर दिए गए हैं। इसके चलते भारत के कई लोग वहां फंस गए हैं। मध्यप्रदेश के इंदौर, रतलाम, उज्जैन और बोहरा समाज से जुड़े कुछ लोग भी दुबई और कुवैत में रुके हुए हैं, जिससे उनके परिजन बेहद चिंतित हैं। इंदौर के पूर्व विधायक संजय शुक्ला ने भारत सरकार से मदद मांगीऔर रतलाम के सलीम आरिफ ने दोस्त के यहां की शरण ले रखी है।
रतलाम निवासी गौरव पारिख दुबई के डाउनटाउन इलाके में एक सेलिब्रिटी मैनेजमेंट मीटिंग के लिए गए हुए हैं। उन्होंने बताया कि उनके होटल से करीब 3 किलोमीटर दूर बुर्ज खलीफा के पास ड्रोन हमला हुआ, जिसके बाद जोरदार धमाका सुनाई दिया और कुछ समय के लिए बिजली भी बंद हो गई। घटना के बाद उनके पिता एडवोकेट सुनील पारिख लगातार फोन कर बेटे की कुशलता पूछ रहे हैं। परिवार पूरी रात जागकर हालात पर नजर रखे हुए है।
कुवैत में मिसाइलें देख दहशत, दोस्त के घर ली शरण
बोहरा समाज के प्रवक्ता सलीम आरिफ 27 फरवरी को कुवैत घूमने गए थे और फिलहाल खेतान इलाके में फंसे हुए हैं। उन्होंने बताया कि 28 फरवरी को बाजार में घूमते समय आसमान में दो मिसाइलें गुजरती दिखाई दीं। हमलों की खबर मिलते ही वे तुरंत अपने एक दोस्त के घर पहुंच गए और वहीं सुरक्षित हैं। हालांकि उन्होंने फोन पर परिवार को अपनी सुरक्षा की जानकारी दे दी है, लेकिन उड़ानें बंद होने के कारण वापस लौटना संभव नहीं हो पा रहा।
फ्लाइट में बैठे थे, तभी निरस्त हुई उड़ान
उज्जैन के महाकालेश्वर मंदिर के पुजारी विकास शर्मा दुबई में आयोजित ज्योतिष सम्मेलन में शामिल होने गए थे। 28 फरवरी को वे भारत लौटने के लिए फ्लाइट में बैठ चुके थे, लेकिन करीब ढाई घंटे बाद उड़ान रद्द कर दी गई। उनके भाई आशीष पुजारी ने बताया कि बुर्ज खलीफा क्षेत्र में धमाकों के बाद सुरक्षा कड़ी कर दी गई है और विकास को सुरक्षित स्थान पर ठहराया गया है। इलाके में कर्फ्यू जैसे हालात हैं और एयरपोर्ट कब खुलेगा, इसकी कोई स्पष्ट जानकारी नहीं है।
परिजन को सुरक्षित वापसी का इंतजार
विदेश में फंसे लोगों के परिवारजन लगातार वीडियो कॉल और फोन के जरिए संपर्क बनाए हुए हैं। सभी को अब उड़ानों के दोबारा शुरू होने और अपने परिजनों की सुरक्षित भारत वापसी का इंतजार है। परिजनों का कहना है कि जब तक हालात सामान्य नहीं हो जाते, तब तक चिंता कम होना मुश्किल है।
Website Design By
KAMAKSHI WEB
CONTACT : +91-9753910111


